दिव्यांगजन और 80 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिक को डाक-मतपत्र से अपना वोट देने की अनुमति

निर्वाचन आयोग की सिफारिश पर विधि और न्याय मंत्रालय ने चुनाव संचालन नियम 1961 में संशोधन किया है. इस संशोधन के बाद दिव्यांगजन और 80 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिक अब अपना वोट डाक-मतपत्र से दे सकेंगे. ऐसे मतदाताओं के लिए मतदान केंद्र तक जाकर निर्धारित प्रक्रिया के तहत वोट देने का विकल्प भी उपलब्ध रहेगा.

संशोधित नियम के अनुसार संबंधित व्यक्ति को नए फॉर्म 12D में आवेदन करना होगा. यह आवेदन-पत्र चुनाव अधिसूचना जारी होने के पांच दिन के अंदर चुनाव अधिकारी तक पहुंच जाने चाहिए. आवेदन मिलने के बाद मतदाता को डाक मतपत्र जारी किया जाएगा. वोट दर्ज कराए जाने के बाद डाक मतपत्र निर्दिष्ट केंद्र में जमा कराए जाएंगे.

भारत ने ‘अंरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संस्था’ में पाकिस्तान की शिकायत की

भारत ने 28 अक्टूबर को ‘अंरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संस्था’ (International Civil Aviation Organisation) में पाकिस्तान की शिकायत की. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सऊदी अरब दौरे के लिए विमान को अपने एयरस्पेस से उड़ने की मंजूरी न देने के कारण यह शिकायत की गयी है.

यह दूसरा मौका है, जब पाकिस्तान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विमान को अपने एयरस्पेस से उड़ने की अनुमति नहीं दी है. इससे पहले सितंबर में उनके अमेरिका दौरे के वक्त भी पाकिस्तान ने ऐसा ही किया था.

‘अंरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संस्था’ एक वैश्विक संस्था है. इसके नियमों के मुताबिक एक देश मंजूरी मांगता है और दूसरा देश इसकी अनुमति देता है.

सरकार ने 9वीं और 10वीं कक्षा के छात्रों के लिए एप्टीट्यूड टेस्ट ‘तमन्ना’ शुरू की

भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने 9वीं और 10वीं कक्षा के छात्रों के लिए एक उच्च-स्तरीय अभिक्षमता या कौशल परीक्षा का मॉड्यूल ‘तमन्ना’ (Try And Measure Aptitude And Natural Abilities) तैयार किया है.

‘तमन्ना’ का उद्देश्य 9वीं और 10वीं कक्षा के छात्रों के एप्टीट्यूड का पता लगाना है, ताकि वह किस दिशा में अपना करियर बना सकते हैं.

ब्राजील ने भारत और चीन के लोगों के लिए बिना वीजा आने की अनुमति दी

ब्राजील ने भारत और चीन के लोगों के लिए बिना वीजा के देश में आने की अनुमति देने के निर्णय किया है. इसकी घोषणा ब्राजील के राष्ट्रपति जेयर बोलसोनारो ने 25 अक्टूबर को की.

ब्राजल सरकार इससे पहले अमेरिका, ऑस्‍ट्रेलिया, जापान और कनाडा के नागरिकों को लघु अवधि की पर्यटन और व्यापार यात्राओं के लिए वीजा की छूट दे रही थी. इस सूची में अगला देश भारत होगा. भारत और चीन दोनों ब्रिक्स के सदस्य हैं. ब्रिक्स के तीन अन्य देश ब्राजील, रूस और दक्षिण अफ्रीका हैं.

महाराष्‍ट्र और हरियाणा विधानसभा चुनाव के नतीजे घोषित किये गए

देश के दो राज्य महाराष्‍ट्र और हरियाणा के विधानसभा सदस्यों के चुनाव की मतगणना के नतीजे 24 अक्टूबर को घोषित किये गए. इन दोनों राज्यों में 21 अक्टूबर को मतदान हुए थे.

महाराष्‍ट्र: 288 सदस्यों की महाराष्ट्र विधानसभा में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) और शिवसेना गठबंधन ने 161 सीटें जीतकर पूर्ण बहुमत प्राप्त किया. यहाँ विपक्षी कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी गठबंधन को 98 सीटें मिली. बाकी 29 सीटें छोटे दलों और निर्दलियों ने जीती. राज्य के मौजूदा मुख्‍यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नागपुर दक्षिण-पश्चिम निर्वाचन क्षेत्र से निर्वाचित हुए.

हरियाणा: हरियाणा विधानसभा में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 40 सीटें जीतकर सबसे बड़ी राजनीतिक दल के रूप में उभरी है. यहाँ विपक्षी कांग्रेस ने 31, जननायक जनता पार्टी (JJP) ने 10, INLD ने 1 और अन्‍य ने 8 सीटें जीती हैं. 90 सदस्‍यों की इस विधानसभा में किसी भी दल ने बहुमत के लिए आवश्यक 46 सीटें जीतने में सफल नहीं हुई. यहाँ के मौजूदा मुख्‍यमंत्री मनोहर लाल ने करनाल सीट से निर्वाचित हुए.

लद्दाख के अग्रिम क्षेत्र में कर्नल चिवांग रिन्‍चेन सेतु का लोकार्पण

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने 21 अक्टूबर को लद्दाख के अग्रिम क्षेत्र में कर्नल चिवांग रिन्‍चेन सेतु का लोकार्पण किया. इस पुल का नाम कर्नल चेवांग रिनचेन के नाम पर रखा गया है. उन्हें 1952 में महावीर चक्र से सम्मानित किया गया था.

यह पुल श्योक नदी पर 14650 फुट की उंचाई पर है. इसका निर्माण सीमा सड़क संगठन (BRO) ने मात्र 15 महीनों में किया है. यह पुल पूर्वी लद्दाख के उप सेक्टर में सामरिक रूप से महत्वपूर्ण दुरबुक श्योक दौलत बेग ओल्डी मार्ग पर निर्मित है. इस पुल के माध्‍यम से वास्‍तविक नियंत्रण रेखा के पास दौलत बेग ओल्‍डी तक सेना तेजी से पहुंच सकेगी.

रक्षा मंत्री ने सियाचिन बेस कैम्प को पर्यटकों के लिए खोलने की घोषणा की. सिचाचिन बेस कैम्‍प से कुमार पोस्‍ट तक टूरिस्‍ट के लिए खोलने का निर्णय लिया गया है.

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद फिलीपींस और जापान की यात्रा पर: भारत और फिलीपींस के बीच चार समझौते


राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद 17 से 23 अक्टूबर तक फिलीपींस और जापान की यात्रा पर हैं. अपनी यात्रा के पहले चरण में वे 17 अक्टूबर को फिलीपींस की राजधानी मनीला पहुंचे थे.

इस यात्रा के दौरान राष्ट्रपति कोविंद ने फिलिपीन्‍स के राष्‍ट्रपति रोड्रिको ड्यूटेर्टे के साथ शिष्‍टमंडल स्‍तर की वार्ता की. इस वार्ता में दोनों देशों ने हर प्रकार के आंतकवाद के सफाये के लिए मिलकर काम करने का संकल्‍प लिया. इस दौरान दोनों देशों के बीच सुरक्षा, समुद्री सहयोग, पर्यटन, विज्ञान और प्रौद्योगिकी तथा संस्‍कृति क्षेत्र में चार समझौतों पर हस्‍ताक्षर किए गए. राष्ट्रपति कोविंद ने फिलिपीन्‍स के साथ अंतरिक्ष कार्यक्रमों में सहयोग बढ़ाने की भारत की प्रतिबद्धता भी व्‍यक्‍त की.

अपनी यात्रा के दूसरे चरण में राष्ट्रपति कोविंद 21 से 23 अक्टूबर तक जापान में रहेंगे जहां वे जापान के राजा के राज्याभिषेक में शिरकत करेंगें इसके अलावा राष्ट्रपति कोविंद जापान में भारतीय समुदाय को संबोधित करेंगे और हाई स्पीड रेल में भी सफर करेंगें.

राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की यात्राओं के लिए बोइंग 777 विमान का उपयोग किया जायेगा

देश के राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की यात्राओं के लिए बोइंग 777 विमान का उपयोग किया जायेगा. इस विमान में अत्याधुनिक मिसाइल डिफेंस सिस्टम्स लगे होंगे. इन विमानों को एयर इंडिया के पायलट नहीं बल्कि वायुसेना के पायलट उड़ाएंगे. जुलाई 2020 से इस विमान से ही यात्रा की जा सकेगी.

बोइंग 777 विमान अमेरिकी कंपनी बोइंग द्वारा तैयार की गयी है. यह विमान लार्ज एयरक्राफ्ट इन्फ्रारेड काउंटर मेजर्स (LAICM) और सेल्फ प्रॉटेक्शन सूइट्स (SPS) से लैस होंगे.

अभी प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति के लिए एयर इंडिया के पास बोइंग 747 विमान है. इस विमान को ‘एयर इंडिया वन’ नाम दिया गया है और इसे एयर इंडिया के पायलट उड़ाते हैं.

पर्यावरण संरक्षण के लिए 1,400 किलोमीटर लंबी ‘ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’ को विकसित किया जाएगा

केंद्र सरकार देश में पर्यावरण के संरक्षण और हरित क्षेत्र को बढ़ाने के लिए 1,400 किलोमीटर लंबी ‘ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’ परियोजना पर विचार कर रही है. भारत में घटते वन और बढ़ते रेगिस्तान को रोकने के लिए यह परियोजना हाल ही में संयुक्त राष्ट्र की कॉन्फ्रेंस (COP14) से आया है. इस परियोजना पर मंजूरी के बाद यह भारत में बढ़ते प्रदूषण को रोकने के लिए भविष्य में भी एक मिसाल की तरह होगा.

अफ्रीका के ‘ग्रेट ग्रीन वॉल’ तर्ज पर विकसित किया जायेगा

भारत सरकार की यह परियोजना अफ्रीका में बनी हरित पट्टी ‘ग्रेट ग्रीन वॉल’ की तर्ज पर विकसित किया जायेगा. अफ्रीका का ग्रेट ग्रीन वॉल सेनेगल से जिबूती तक बनी है. अफ्रीका में क्लाइमेट चेंज और बढ़ते रेगिस्तान से निपटने के लिए यह हरित पट्टी तैयार किया गया है. इसे ‘ग्रेट ग्रीन वॉल ऑफ सहारा’ भी कहा जाता है. इसपर करीब एक दशक पहले काम शुरू हुआ था.

गुजरात से लेकर दिल्ली-हरियाणा सीमा तक ‘ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’

इस परियोजना के तहत गुजरात से लेकर दिल्ली-हरियाणा सीमा तक ‘ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’ को विकसित किया जाएगा. इसकी लंबाई 1,400 किलोमीटर होगी, जबकि यह 5 किलोमीटर चौड़ी होगी.

इस परियोजना को थार रेगिस्तान के पूर्वी तरफ विकसित किया जाएगा. पोरबंदर से लेकर पानीपत तक बनने वाली इस ग्रीन बोल्ट से घटते वन क्षेत्र में इजाफा होगा. इसके अलावा गुजरात, राजस्थान, हरियाणा से लेकर दिल्ली तक फैली अरावली की पहाड़ियों पर घटती हरियाली के संकट को भी कम किया जा सकेगा.

यह ग्रीन बेल्ट लगातार नहीं होगी, लेकिन अरावली रेंज का बड़ा हिस्सा इसके तहत कवर किया जाएगा ताकि उजड़े हुए जंगल को फिर से पूरी तरह विकसित किया जा सके. इस परियोजना से पश्चिमी भारत और पाकिस्तान के रेगिस्तानों से दिल्ली तक उड़कर आने वाली धूल को भी रोका जा सकेगा.

2030 तक काम पूरा करने का लक्ष्य

भारत सरकार ‘ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’ परियोजना को 2030 तक राष्ट्रीय प्राथमिकता में रखकर जमीन पर उतारने पर विचार कर रही है. इसके तहत 26 मिलियन हेक्टेयर भूमि को प्रदूषण मुक्त करने का लक्ष्य है.

कई राज्यों में रेगिस्तान का दायरा बढ़ने का खतरा

भारतीय अन्तरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने 2016 में एक नक्शा जारी किया था, जिसके मुताबिक गुजरात, राजस्थान और दिल्ली ऐसे राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में हैं, जहां 50 फीसदी से अधिक भूमि हरित क्षेत्र से बाहर है. इसके चलते इन इलाकों में रेगिस्तान का दायरा बढ़ने का खतरा है.

सुप्रीम कोर्ट ने SC/ST एक्ट के तहत तुरंत गिरफ्तारी पर रोक के फैसले को रद्द किया

सुप्रीम कोर्ट ने SC/ST एक्ट में तुरंत गिरफ्तारी पर रोक के अपने फैसले को रद्द कर दिया है. कोर्ट ने अगस्त 2018 में दिए इस फैसले में माना था कि SC/ST एक्ट में तुरंत गिरफ्तारी की व्यवस्था के चलते कई बार बेकसूर लोगों को जेल जाना पड़ता है. कोर्ट ने तुंरत गिरफ्तारी पर रोक लगाई थी. इसके खिलाफ सरकार ने पुनर्विचार अर्जी दायर की थी. जिसपर तीन जजों की बेंच ने फ़ैसला सुनाया.

अदालत ने केंद्र की पुनर्विचार याचिका को मंजूर कर लिया है. अगस्त 2018 में संसद ने SC/ST उत्पीड़न निरोधक कानून में संशोधन पारित कर सुप्रीम कोर्ट के दो जजों की पीठ के फैसले को निष्प्रभावी कर दिया था.

नीति आयोग की स्‍कूली शिक्षा गुणवत्‍ता सूचकांक: केरल पहले और उत्तर प्रदेश अंतिम स्थान पर

नीति आयोग ने स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता सूचकांक 2019 जारी किया है. नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने 30 सितम्बर को इस सूचकांक को जारी किया. आयोग द्वारा जारी किया गया यह इस तरह का पहला सूचकांक है.

इस सूचकांक के जारी करने का उद्देश्य राज्यों के बीच प्रतिस्पर्धा बढाना है जिससे इस क्षेत्र में बढ़िया करने की प्रेरणा मिलेगी. स्कूली शिक्षा गुणवत्ता सूचकांक का संदर्भ वर्ष 2016-17 और आधार वर्ष 2015-16 को लिया गया है.

बड़े राज्यों में केरल शीर्ष पर

देश के 20 बड़े राज्यों में पहले स्थान पर केरल, दूसरे पर राजस्थान और तीसरे स्थान पर कर्नाटक रहा. 20 बड़े राज्यों की इस सूची में आबादी के लिहाज से सबसे बड़ा राज्य उत्तर प्रदेश अंतिम स्थान पर है. लगातार सुधार (इंक्रिमेंटल परफॉर्मेंस) रैंकिंग में हरियाणा पहले, असम दूसरे और उत्तर प्रदेश तीसरे स्थान पर रहा.

छोटे राज्यों में मणिपुर शीर्ष पर

छोटे राज्यों के संपूर्ण प्रदर्शन श्रेणी में मणिपुर शीर्ष पर है, जबकि त्रिपुरा दूसरे और गोवा तीसरे स्थान पर रहा. छोटे राज्यों के लगातार सुधार रैंकिंग में मेघालय को पहला स्थान मिला. उसके बाद नगालैंड और गोवा का स्थान रहा है.

UNGA में पाकिस्तान द्वारा भारत पर लगाये गये मिथ्या आरोपों का जबाव विदिशा मोइत्रो ने दिया

संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा (UNGA) के 74वें अधिवेशन में पाकिस्तान द्वारा भारत पर लगाये गये मिथ्या आरोपों का जबाव विदिशा मोइत्रो ने दिया. संयुक्‍त राष्‍ट्र में जवाब देने के अधिकार का इस्‍तेमाल करते हुए भारत के स्‍थायी मिशन में प्रथम सचिव विदिशा ने कहा:

  • पाकिस्‍तान आतंकवाद के साथ-साथ घृणा फैलाने में लगा है, वहीं भारत जम्‍मू-कश्‍मीर और लद्दाख में विकास करके लोगों को मुख्‍य धारा में शामिल करने में लगा हुआ है.
  • भारत विविधता तथा संयम की सदियों पुरानी लोकतांत्रिक परंपरा को सही अर्थों में अपना रहा है.
  • इमरान खान का भाषण मध्‍ययुगीन मानसिकता से भरा हुआ था. उन्‍होंने कहा कि महासभा के इस मंच का ऐसा दुरूपयोग शायद ही पहले कभी देखा गया हो.
  • प्रधानमंत्री इमरान खान की परमाणु विनाश की धमकी आतंक फैलाने वाली हो सकती है. ये किसी राजनायिक के शब्‍द नहीं हो सकते.
  • इमरान खान ने अपने वक्‍तव्‍य में आतंकवाद को उचित ठहराने और अलगाववाद को बढ़ावा देने की शर्मनाक कोशिश की है.
  • पाकिस्‍तान एक ऐसा देश है जहां अल्‍पसंख्‍यकों की संख्‍या 1947 के 23 प्रतिशत की तुलना में आज मात्र 3 प्रतिशत रह गई है.